Nagri Lipi Subjective Question Answer 2023

Nagri Lipi Subjective Question Answer 2023

 : दोस्तों यहां पर आपको मैट्रिक परीक्षा 2023 के लिए हिंदी गोधूलि भाग 2 का नागरी लिपि पाठ का महत्वपूर्ण ऑब्जेक्टिव प्रश्न दिया हुआ है जो क्लास 10th बोर्ड परीक्षा के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण है Nagri Lipi Objective Question Answer || Class 10th Hindi Objective Question Bihar Board Matric Exam 2023Nagri Lipi Subjective

लेखक परिचय:- इस पाठ के लेखक गुणाकर मुले का जन्म 1935 ई० में महाराष्ट्र के 2500 से अधिक लेख एवं 30 पुस्तक का प्रकाशन किया, अमरावती में हुआ था। उन्होंने इनका निधन 2009 में हुआ था।
उनकी प्रमुख रचनाएं:- अक्षरों की कहानी, इतिहास और संस्कृति, प्राचीन भारत के महान वैज्ञानिक, आधुनिक भारत के महान वैज्ञानिक, मेंडलीफ, महान वैज्ञानिक, सूर्य मंडल सूर्य, नक्षत्र – लोग इत्यादि हैं

✅दक्षिण भारत में नागरिक लिपि को नंदी लिपि कहते हैं ।
✅ विजयनगर के शासकों का लेख नंदी या नागरी लिपि में मिलते हैं ।
✅अकबर ने अपने समय के सिक्के में राम सीता का चित्र बनवा कर राम सिया लिखवाया था।
उत्तर भारत की लिपि को देवनागरी लिपि कहते हैं ।
आठवीं-नौवीं सदी में देवनागरी लिपि प्रदेशिक लिपि बनी थी ।
✅नागरी लिपि के आरंभिक लेख विंध्य पर्वत के नीचे के ढक्कन प्रदेश से मिलता है।
एलोरा में अनुपम कैलाश मंदिर को काटकर बनाया गया था।
जैन गणितज्ञ महाविराचार्य ने गणित सार संग्रह की रचना की थी ।
✅कर्नाटक प्रदेश का श्रवणबेलगोला स्थान जैन धर्म का एक प्रमुख तीर्थ स्थान है।


1. देवनागरी लिपि के अक्षरों में स्थिरता कैसे आयी हैं ?
उत्तर :- करीब दो सदी पहले इस लिपि के टाइप बने और इसमें पुस्तक छपने लगी जिसके कारण इसके अक्षरों में स्थिरता आ गई।


2. देवनागरी लिपि में कौन-कौन सी भाषाएं लिखी जाती है ?
उत्तरः- देवनागरी लिपि में – हिंदी, संस्कृत, मराठी, नेपाली इत्यादि भाषाएं लिखी जाती है।


3. लेखक ने किन भारतीयों लिपियों से देवनागरी का संबंध बताया है ?
उत्तर:- लेखक ने बंगाली लिपि, नंदी लिपि, नागरी लिपि ब्राही लिपि इत्यादि का संबंध देवनागरी लिपि से बताया है।


4.नागरी लिपि के आरंभिक लेख कहां प्राप्त हुए हैं? उनके विवरण दें।
उत्तर:- नागरी लिपि के आरंभिक लेख हमें विध्य पर्वत के नीचे के दक्कन प्रदेश से मिलता है।


5) नागरी लिपि को देवनागरी क्यों कहते हैं? लेखक इस संबंध में क्या बताते हैं?
उत्तरः- नागरी लिपि को देवनागरी लिपि कहने के पीछे लेखक के अनुसार कई कारण हैं कुछ विद्वानों का मत है कि इस लिपि का प्रयोग सबसे पहले गुजरात के नागर ब्राह्मणों ने किया है इसलिए इसे देवनागरी लिपि कहते हैं दूसरा मत :- काशी के पंडितों का मत है कि काशी देवों की भूमि है और सबसे पहले इस लिपि का प्रयोग काशी में हुआ है इसलिए इसका नाम देवनागरी लिपि है। इसी प्रकार और कई मत देखने को मिलते हैं।


6) नागरी लिपि कब तक सार्वदेशिक लिपि थी ?
उत्तरः- नागरी लिपि आठवीं-नवीं सदी में सार्वजनिक लिपि थी क्योंकि इस समय संपूर्ण देश में लगभग किस लिपि का प्रयोग हो रहा था।


7) गुर्जर प्रतिहार कौन थे?
उत्तर:- गुर्जर प्रतिहार भारत के बाहर से आए थे जो आठवीं सदी से पहले हैं अवंती प्रदेश में अपना शासन खड़ा कर लिया था और बाद में उन्होंने कन्नौज पर भी अधिकार जमा लिया।


 

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